Saturday, November 20, 2010

उमड़ता है आस्था का सैलाब !

कार्तिक पूर्णिमा यानी रविवार को पड़ने वाले इस पर्व पर कोइलरवा हनुमान जी मंदिर पर आस्था का सैलाब उमड़ेगा। यहां के प्रति लोगों में अटूट आस्था व विश्वास है। यूं तो इस मंदिर पर हमेशा ही आस्थावानों की आमदरफ्त बनी रहती है। ..लेकिन पूर्णमासी के दिन यहां हजारों लोग विधि-विधान से दर्शन-पूजन करने के साथ ही मन्नतें मांगते हैं।

उल्लेखनीय है कि तहसील मुख्यालय से 30 किलोमीटर दक्षिण व पूरब के कोने में घनघोर जंगल (डकही) के बीच लगभग 600 वर्ष पुराना हनुमान जी की मूर्ति के साथ भव्य मंदिर स्थापित है। वहां बारहों मास आस्थावानों का रेला लगा रहता है। खासकर पूर्णमासी के दिन मंदिर परिसर में आस्थावानों का सैलाब उमड़ पड़ता है। ग्रामीण बताते है कि भोर्तिया कबिले के लोगों ने हनुमान जी की प्रतिमा स्थापित की थी। लोगों का मानना है कि जो भी यहां मन्नत मांगता है वह अवश्य ही पूरी होती है। बचपन से ही मूर्ति की देख रेख व पूजा पाठ कर रहे धन्नीपुर गांव निवासी पुजारी रामधनी ने बताया कि हनुमान जी का यह मंदिर सिद्धपीठ है। यहां आने वाला कभी भी निराश होकर नहीं लौटता। पूर्णमासी के दिन करीब दस हजार की संख्या में बिहार प्रान्त सहित स्थानीय क्षेत्र के साथ गैर जनपदों से आने वाले लोगों की यहां भीड़ जमा होती है। पूरा मंदिर परिसर मेले में तब्दील हो जाता है। कथा, हरिकीर्तन व मुण्डन संस्कार कराने वालों की लम्बी तादात रहती है। श्रद्धालु बच्चा सिंह यादव, रामकृत, भरत, दीना विश्वकर्मा आदि कहते है कि प्रशासन द्वारा यहां पीने के पानी की व्यवस्था कर दी जाती तो श्रद्धालुओं को पानी के लिए जूझना नहीं पड़ता।

स्नानघाटों पर गंगा प्रदूषण रोकने का प्रयास विफल !

इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के प्रति लापरवाह बना प्रशासन जनपद के स्नानघाटों पर गंगा प्रदूषण रोकने में पूरी तरह विफल है। आस्था के नाम पर अंध भक्ति की मिसाल पेश कर रहे लोगों द्वारा पालीथिन का प्रयोग 200 मीटर की सीमा में खुलकर किया जा रहा है। शौच और शवदाह से बेखबर प्रशासनिक मशीनरी गंगा की गरिमा के प्रति अब भी अनजान है। उक्त टिप्पणी गंगा मुक्ति व प्रदूषण विरोधी अभियान के राष्ट्रीय प्रभारी रमाशंकर तिवारी ने कार्तिक पूर्णिमा स्नान की पूर्व संध्या पर जिले के श्रीरामपुर, महाबीर घाट, विचलाघाट, शनीचरी आदि विभिन्न घाटों का अवलोकन के पश्चात पत्रकारों से की। उन्होंने बताया कि नये संदर्भो में प्रशासन की जिम्मेदारिया सकुशल स्नान सम्पन्न कराने के साथ-साथ गंगा को प्रदूषित होने से बचाने के लिए न्यायालय के आदेश को पालन करने और कराने की भी है। बताया कि स्नान के दिन गंगा मुक्ति सेवा के सदस्य जनपद के प्रत्येक घाट पर उपस्थित होकर स्नानार्थियों को हाईकोर्ट के निर्देश से अवगत करायेंगे। इस अवसर पर श्री तिवारी के साथ गंगा मुक्ति सेना के संयोजक जितेन्द्र चौथे, सहसंयोजक दीपक तिवारी, अजीत पाण्डेय, राकेश विक्रम सिंह सहित कई गंगा भक्त मौजूद रहे।

Thursday, November 18, 2010

पशुओं की आमद से बढ़ी नंदी ग्राम की रौनक !

छठ पर्व एवं बिहार का चुनाव खत्म होने के कारण ददरी पशु मेला के नंदी ग्राम में चहल-पहल बढ गयी है। इस कारण आयोजकों के उदास चेहरों पर मुस्कुराहट दिखायी देने लगी है क्योंकि शुरूआत से ही पशुओं की कम आमद और गत वर्ष से कम आमदनी के कारण नगरपालिका में उदासी का माहौल था।

अब मेले में हरियाणा, पंजाब से दुधारू पशु आने लगे हैं। पशु व्यापारी कृष्ण मोहन सिंह जुगनू, संतोष सिंह, हीरा लाल आदि मेले में हो रही भीड़ को लेकर काफी उत्साहित हैं और उन्हें इस वर्ष अच्छी आमदनी होने की उम्मीद है। जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा भी जिलों में पत्र भेजकर पशु व्यापारियों को परेशान नहीं करने की अपील के बावजूद कुछ थानों की पुलिस पशु व्यापारियों से अवैध वसूली कर रही है। फिरभी पशु व्यापारियों ने माना कि पहले जैसी धांधली नहीं है। दूध लेने शहर के लोग दूध का डिब्बा लेकर सुबह शाम मेले पहुंच जा रहे हैं क्योंकि वाजिब मूल्य पर शुद्ध दूध मेले में आसानी से उपलब्ध हो जाता है। जिला दुग्ध उत्पादन संघ द्वारा पशु मेले से दूध खरीदने की घोषणा की गयी थी लेकिन अभी तक संघ के लोग मेले में दिखायी नहीं दे रहे हैं। पशु बाजार थाने पर पुलिस फोर्स की समुचित व्यवस्था की गयी है। बताते चलें कि बिहार के सोनपुर पशु मेले के बाद बलिया का पशु मेला ही विख्यात है, यहां अच्छी नस्ल के मवेशी के अलावा घोड़े, खच्चर, गधों की भी खरीद बिक्री होती है। हालांकि अब तांगा और इक्का तथा घोड़ा के साथ सामान ढोने वाली गाड़ी का प्रचलन खत्म होता जा रहा है। पशु मेले में हर वर्ष तांगा और सामान ढोने वाली गाड़ी भी आती है। बक्सर बिहार से आये व्यापारी उस्मान ने बताया कि मैंने मेले से सामान ढोने वाली गाड़ी 17 हजार रुपये में घोड़ा सहित खरीदी है। साथ चल रहे तीन व्यापारियों में से एक नंद जी ने बताया कि तीन दिनों से कोई ग्राहक नहीं मिलने से हम वापस जा रहे हैं जबकि पप्पू ने बताया कि मैंने घोड़े सहित सामान ढोने वाली गाड़ी 16 हजार रुपये में बेची है। पशुओं का सामान बेचने वाले भीड़ से काफी उत्साहित हैं।

पूरे मनोयोग से करे कार्य तभी मिलेगी सफलता !

जिला ग्राम्य विकास अभिकरण के तत्वावधान में महिलाओं को स्वावलम्बी बनाने के उद्देश्य से राबिया महिला सेवा संस्थान, बलिया द्वारा 26 युवतियों को बेसिक ब्यूटी पार्लर एण्ड हेयर ड्रेसिंग का 45 दिवसीय प्रशिक्षण प्रदान किया गया। वृहस्पतिवार को प्रशिक्षुओं में ब्यूटी पार्लर किट व प्रमाण पत्र खंड विकास अधिकारी बैरिया शम्भू राम द्वारा वितरित किया गया। इस मौके पर बीडीओ ने अपने सम्बोधन में कहा कि इस तरह के व्यवहारिक प्रशिक्षण लेकर छोटी पूंजी से कार्य शुरू कर अच्छा कार्य किया जा सकता है। लड़कियां भी इस तरह के कार्यो से परिवार का आर्थिक सहयोग कर सकती हैं।

इस अवसर पर संस्थान के संचालिका आयशा परवीन ने प्रशिक्षुओं को पूरे लगन व मनोयोग के साथ अपना कार्य करने का सुझाव दिया। कार्यक्रम में प्रशिक्षिका श्रीमती बिन्दु देवी सहित दर्जनों गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

गंगा रक्षा को उठे हजारों हाथ !

आपसी सौहार्द को मजबूती देने, पर्यावरण की रक्षा और मोक्षदायिनी गंगा के संरक्षण के लिए गुरुवार को बागी धरती पर हजारों की संख्या में हाथ उठे। साथ ही इसे मूर्त रूप देने का संकल्प भी लिया गया। इन नजारे को देख अविरल गंगा-निर्मल गंगा अभियान के सदस्यों की भी बांछें खिल गयीं। इस अभियान के तहत गुरुवार की शाम को नाव से आये सदस्यों के दीदार को काफी संख्या में लोग गंगा तट पर जुटे थे। यहां पुरजोर स्वागत के बाद दल के सदस्य कोरण्टाडीह डांक बंगले की तरफ रुख कर लिये। यहां भी उपस्थित जनता एवं प्रशासनिक अधिकारियों ने इनका गर्मजोशी से स्वागत किया। निर्मल गंगा अविरल प्रवाह पर बलिया की माटी की बोली भोजपुरी में स्वामी सहजानंद स्कूल के बच्चों ने गीत सुनाकर गंगा यात्रा पर निकले इन सदस्यों का मन मोह लिया। इसके बाद विद्यालय की छात्राओं ने प्रदूषण व कई गीतों के माध्यम से गंगा के महत्व पर प्रकाश डाला। इस मौके पर स्वामी कृष्णा नंद तीर्थ ने कहा कि गंगा को बचाना है तो इसके लिए हर मानव को जागृत होना पड़ेगा। इसमें बच्चों की अहम भूमिका हो सकती है। निर्मल गंगा से पूरे विश्व का कल्याण होना है। हरिद्वार से पटना तक की दूरी तय करने को निकले इस दल के संरक्षक आईजी अभिसूचना आदित्य मिश्र ने कहा कि यह एक राष्ट्रीय अभियान है इसमें प्रत्येक देशवासी को इसके प्रति अपनी जिम्मेदारी को निभाना होगा। तभी हमारी मोक्षदायनी का अस्तित्व बच सकेगा। प्रशासन की तरफ से दल का स्वागत करते हुए सीओ रसड़ा देश राज सिंह ने वादा किया कि बलिया की जनता को जागरुक करने का काम प्रशासन के साथ ही स्वयं सेवी संस्थाएं भी करेंगी। बता दें कि 50 सदस्यीय यह टीम 24 अक्टूबर से हरिद्वार से यात्रा पर निकली। यह यात्रा 21 नवम्बर को पटना में जाकर समाप्त होगी। इस टीम में मुख्य रुप से सीओ शेष नाथ सिंह, नायक श्रीभान सिंह, कम्पनी कमाण्डर रमा कांत यादव, दीप चन्द यादव, राधेश्याम गुप्त, केके शुक्ल आदि शामिल रहे। स्वागत करने वालों में एडीएम एके द्विवेदी, एसओ बकरीदन, गोविन्द जी, रमेश चन्द्र साहनी, पूर्व प्रधान जय प्रकाश उपाध्याय, अशोक कुमार राय, दिनेश यादव आदि शामिल रहे।

गंगा भवन पर स्काउट गाइड ने किया स्वागत

भरौली (बलिया) : उजियार स्थित गंगा भवन पर गंगा निर्मल गंगा अविरल प्रवाह की टीम के पहुंचते ही स्काउट के छात्रों ने गर्म जोशी से स्वागत किया तथा रात्रि विश्राम स्थल तक अपनी सुरक्षा में ले गये। नेतृत्व प्रधानाध्यापक बेचू लाल ने किया। कोरण्टाडीह डांक बंगले पर इस दल के पहुंचते ही पूर्व माध्यमिक विद्यालय सरयां के स्काउट गाइड के सदस्यों ने बैण्ड बाजे पर राष्ट्रगीत की धुन सुनाया तथा सलामी दी। इनके आगे बढ़ने के निर्देश पर 50 सदस्यीय दल ने आगे गंगा भवन में प्रवेश किया। रात्रि विश्राम के बाद टीम के सदस्य अल सुबह पटना के लिए प्रस्थान करेंगे।

Wednesday, November 17, 2010

कायम रखें राष्ट्रीय एकता व सद्भाव !

कभी-कभी बच्चे भी कुछ ऐसा कर जाते है जो बड़ों के लिए प्रेरणादायक बन जाता है। ऐसा ही नजारा दिखा सोमवार की रात पुलिस लाइन में आयोजित बलिया महोत्सव में। जंग-ए-आजादी की प्रथम आहुति व बागी भूमि के सपूत अमर शहीद मंगल पाण्डेय की स्मृति में आयोजित इस महोत्सव के दौरान बच्चों की कलाकृतियों ने उमड़े जन सैलाब के वजूद को न सिर्फ झकझोरा अपितु उन्हे राष्ट्रीय एकता व सद्भाव कायम रखने के लिए सब कुछ न्यौछावर कर देने की नसीहत भी दी। स्थानीय लोक कलाकारों ने तो इन कलाकृतियों को तहे दिल से सराहा ही, गैर प्रांतों से आये विभिन्न विधाओं के दिग्गजों ने भी इनकी मेधा को सलाम किया। दाद देनी होगी जिलाधिकारी सेंथिल पाण्डियन सी की जिन्होंने पिछले 13 नवम्बर को राजकीय बालिका इण्टर कालेज में सम्पन्न हुई चित्रकला प्रतियोगिता के दौरान विभिन्न आयु वर्ग के छात्र-छात्राओं द्वारा बनायी गयी कलाकृतियों की भी प्रदर्शनी अंतिम समय में बलिया महोत्सव में लगवायी।

चित्रकला व भाषण प्रतियोगिता के विजेता पुरस्कृत

प्रदेश के संस्कृति मंत्री सुभाष पाण्डेय ने सोमवार को बलिया महोत्सव के मंच पर चित्रकला व भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि हुनर को प्रोत्साहन देने की जरूरत है। ऐसा करने से न सिर्फ उनका आत्मविश्वास बढ़ेगा बल्कि उनमें छिपी प्रतिभा भी उजागर होगी। बता दें कि चित्रकला प्रतियोगिता के अंतर्गत प्रथम समूह में होलीक्रास के मो.कैफ, द्वितीय समूह में होलीक्रास की अवंजला, तृतीय समूह में जीआईसी के इरशाद अहमद व चतुर्थ समूह में टीडी कालेज के मनीष गुप्त ने प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं भाषण प्रतियोगिता में प्रथम समूह में होलीक्रास की ईशिता सिंह, द्वितीय समूह में संयुक्त रूप से होलीक्रास की शिवांगी सिंह व महर्षि बाल्मीकि विद्यालय के अनुराग वर्मा, तृतीय समूह में संयुक्त रूप से केंद्रीय विद्यालय की प्रतीक्षा यादव व होलीक्रास की एमन अंजुम तथा चतुर्थ समूह में कुंवर सिंह महाविद्यालय की श्रेया चतुर्वेदी अव्वल रहीं। जिलाधिकारी की पुत्री हमशिखा ने चित्रकला प्रतियोगिता के पहले समूह में दूसरा स्थान हासिल किया। ये प्रतियोगिताएं राजकीय इण्टर कालेज बलिया के कला अध्यापक डा.इफ्तेखार खां की देखरेख में आयोजित की गयी थी। भाषण प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका एसडीएम सदर संतोष कुमार वर्मा, क्षेत्रीय सांस्कृतिक निदेशक वाराणसी डा.लवकुश द्विवेदी, शिव कुमार कौशिकेय, डिप्टी कलेकटर मुनव्वर अली व जीजीआईसी की प्रधानाचार्य श्रीमती दुलेश्वरी राय तथा चित्रकला प्रतियोगिता में एसडीएम बैरिया समीर वर्मा, श्रीमती संगीता, नुरुल हक, हरिशंकर प्रसाद व डा.लवकुश द्विवेदी ने अदा की।

डा.इफ्तेखार सम्मानित

कला के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रदेश के संस्कृति मंत्री सुभाष पाण्डेय ने राजकीय इण्टर कालेज बलिया के कला अध्यापक डा.इफ्तेखार खां को सम्मानित किया। बता दें कि चित्रकला के क्षेत्र में डा.इफ्तेखार खां के योगदान को कतई भुलाया नहीं जा सकता। उत्तर प्रदेश के 34 समकालीन चित्रकारों की सूची में इनका स्थान छठवें नम्बर पर है। इसके साथ ही इनके मार्गदर्शन में बलिया की प्रतिभाएं लगातार सात वर्षो से उत्तर प्रदेश में चैम्पियन बनने का गौरव हासिल करती चली आ रही है।

गुणवत्ता युक्त शिक्षा देने के प्रति सरकार गंभीर !

वर्तमान बसपा सरकार सभी विद्यार्थियों को गुणवत्ता युक्त शिक्षा देने के प्रति पूर्णतया गम्भीर है जिससे कि वे अपने भविष्य की चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना करते हुए सफल नागरिक बनें। प्रदेश के माध्यमिक शिक्षा मंत्री रंगनाथ मिश्र स्थानीय डाक बंगले में एक प्रेसवार्ता में मीडिया कर्मियों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि पुरानी अंक प्रणाली को बदलकर नई अंक प्रणाली लागू की जा रही है जिससे छात्रों का प्रतिभा से पूरा न्याय हो सके। नकल माफियाओं का समूल नष्ट करने के लिए पूरे प्रदेश में नौवीं तथा ग्यारहवीं कक्षा का पंजीकरण 31 जुलाई तक होगा तथा उस सूची को सम्बन्धित विद्यालय का प्राचार्य शपथ पत्र के साथ 5 अगस्त तक जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में जमा करेगा। उसी के आधार पर बोर्ड विद्यालयों को फार्म भेजेगा। राजकीय इण्टर कालेजों की स्थिति को सुधारने के प्रयास किये जा रहे हैं। प्रदेश में शिक्षकों की कमी को पूरा करने के लिए 5000 नये एलटी अध्यापकों की नियुक्ति की जानी है। साथ ही प्रदेश में 1000 नये विद्यालयों की भी स्थापना की जा रही है।

शिक्षकों के वेतन की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुसार जिन्होंने भी अपना सीडी जमा कर दिया है वहां कोई समस्या नहीं है। शेष बचे 49 विद्यालयों में से 35 विद्यालयों का वेतन भुगतान इस सप्ताह कर दिया जायेगा। इस वर्ष नकल के प्रति अपनी सख्त मंशा स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि इस बार बोर्ड परीक्षा में वित्त विहीन विद्यालयों के केन्द्र राजकीय व मान्यता प्राप्त विद्यालयों में होंगे। उसी प्रकार इन विद्यालयों के परीक्षा केन्द्र वित्त विहीन विद्यालयों में होंगे। प्रेस वार्ता के दौरान जोनल कोआर्डिनेटर छट्ठू राम, विधायक भगवान पाठक तथा सांसद रमाशंकर विद्यार्थी की उपस्थिति उल्लेखनीय रही।